बस्तर में साइबर ठगी के खिलाफ पुलिस का बड़ा जागरूकता अभियान, व्यापारियों को बताए बचाव के तरीके

बस्तर में साइबर ठगी के खिलाफ पुलिस का बड़ा जागरूकता अभियान, व्यापारियों को बताए बचाव के तरीके

👇समाचार सुनने के लिए यहां क्लिक करें

जगदलपुर : साइबर ठगी के बढ़ते मामलों के बीच बस्तर पुलिस ने अब व्यापारिक और व्यावसायिक संस्थानों को साइबर अपराधियों से बचाने के लिए जागरूकता अभियान तेज कर दिया है। छत्तीसगढ़ पुलिस के “साइबर जागृति अभियान” के तहत थाना कोतवाली क्षेत्र में स्थित बस्तर चैंबर ऑफ कॉमर्स एंड इंडस्ट्रीज, जगदलपुर में विशेष साइबर जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किया गया।

कार्यक्रम में चैंबर के पदाधिकारी एवं सदस्य, रोटरी क्लब के सदस्य तथा विभिन्न व्यापारिक और वाणिज्यिक संस्थानों के प्रतिनिधि बड़ी संख्या में शामिल हुए। पुलिस अधिकारियों ने व्यापारियों को डिजिटल लेनदेन के दौरान बरती जाने वाली सावधानियों से लेकर साइबर ठगी होने पर तत्काल उठाए जाने वाले कदमों तक की महत्वपूर्ण जानकारी दी।

OTP से लेकर डिजिटल अरेस्ट तक—पुलिस ने खोली साइबर ठगी की पूरी पोल

साइबर पुलिस थाना निरीक्षक गौरव तिवारी ने साइबर अपराध के विभिन्न स्वरूपों और ठगी का शिकार होने पर तत्काल की जाने वाली कार्रवाई की जानकारी दी। उन्होंने लोगों को संदिग्ध कॉल, लिंक और ऑनलाइन गतिविधियों के प्रति सतर्क रहने की अपील की।

अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक सुखनंदन राठौर ने डिजिटल लेनदेन में सावधानी बरतने और OTP, PIN, CVV, पासवर्ड जैसी गोपनीय जानकारी किसी के साथ साझा नहीं करने पर जोर दिया।

वहीं नगर पुलिस अधीक्षक सुमितकुमार धोत्रे ने OTP/KYC फ्रॉड, डिजिटल अरेस्ट, निवेश एवं ट्रेडिंग फ्रॉड, फर्जी लिंक और सोशल मीडिया फ्रॉड जैसे साइबर अपराधों से बचने के प्रभावी उपाय बताए।

व्यापारियों के सवालों का एसपी ने किया समाधान

पुलिस अधीक्षक शलभ कुमार सिन्हा ने चैंबर सदस्यों के सवालों का समाधान करते हुए कहा कि व्यापारिक संस्थानों की वित्तीय और डिजिटल सुरक्षा के लिए सतर्कता बेहद जरूरी है। उन्होंने साइबर अपराधों के खिलाफ जागरूकता को सबसे प्रभावी सुरक्षा उपाय बताते हुए व्यापारियों से अपने कर्मचारियों और संस्थानों में भी साइबर सुरक्षा के प्रति जागरूकता बढ़ाने की अपील की।

कार्यक्रम के दौरान साइबर अपराध की चुनौतियों, डिजिटल सुरक्षा और बचाव के उपायों पर पुलिस एवं व्यापारिक समुदाय के बीच सार्थक संवाद भी हुआ।

सात सप्ताह तक चलेगा साइबर जागृति अभियान

छत्तीसगढ़ पुलिस का सात सप्ताह का “साइबर जागृति अभियान” 15 अगस्त से 2 अक्टूबर, गांधी जयंती तक संचालित किया जा रहा है। अभियान के प्रथम चरण में स्कूल, कॉलेज और शैक्षणिक संस्थानों में जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किए गए। अब दूसरे चरण में बैंकों, वित्तीय संस्थानों और व्यापारिक समुदाय पर विशेष फोकस किया जा रहा है।

साइबर सुरक्षा का मंत्र—“रुको, सोचो, एक्शन लो”

बस्तर पुलिस ने साइबर ठगी से बचने के लिए लोगों को सरल लेकिन बेहद प्रभावी मंत्र दिया—

रुको: संदिग्ध कॉल, लिंक या मैसेज पर तुरंत प्रतिक्रिया न दें।
सोचो: OTP, PIN, CVV और पासवर्ड जैसी गोपनीय जानकारी किसी से साझा न करें।
एक्शन लो: साइबर फ्रॉड होने पर तुरंत बैंक को सूचना दें और 1930 पर शिकायत दर्ज कराएं।

बस्तर पुलिस का स्पष्ट संदेश है—साइबर अपराध के खिलाफ सबसे बड़ा हथियार जागरूकता है। सतर्क रहें, सुरक्षित रहें और किसी भी संदिग्ध डिजिटल गतिविधि में जल्दबाजी न करें।

RashtraVadi News
Author: RashtraVadi News

न्यूज़ से संबंधित जानकारी साझा करने के लिए हमसे संपर्क करें : 8839577226

Leave a Comment

और पढ़ें